CHILD SUFFERING FROM A RARE DISEASE RECEIVED A NEW LEASE ON LIFE AT APOLLO SAGE
दुर्लभ बीमारी से ग्रसित बच्चे को अपोलो सेज में मिला नया जीवन
भोपालः छतरपुर जिले के आठ साल के एक बच्चे को पिछले कई वर्षों से चलने-बैठने में दिक्कत हो रही थी। लगभग तीन साल की उम्र से वह चलते समय वह बार-बार गिर जाता था। कई अस्पतालों में दिखाने के बाद भी बीमारी का पता नहीं चल पा रहा था। अपोलो सेज हास्पिटल की वरिष्ठ शिशु रोग विशेषज्ञ डा श्रेया मिश्रा ने बच्चे का उपचार किया है। जांच के दौरान डाक्टरों ने पाया कि बच्चे में मांसपेशियों को कमजोर करने वाली एक गंभीर जन्मजात बीमारी के लक्षण हैं। आगे की जांच में यह स्पष्ट हो गया कि बच्चे को ड्यूचेन मस्कुलर डिस्ट्राफी है, एक ऐसी स्थिति जिसमें शरीर की मांसपेशियां धीरे-धीरे कमजोर होती गाती हैं। बच्चे का इलाज शुरू किया गया। उसे विशेष फिजियोथेरेपी व पुनर्वास कार्यक्रम पर रखा गया है। फालोअप में उसके माता-पिता ने बताया कि अब बच्चे की चाल-ढाल में सुधार दिख रहा है और वह रोजमर्रा की गतिविधियां पहले से बेहतर कर पा रहा है। डाक्टरों का कहना है कि समय पर पहचान और नियमित फिजियोथेरेपी से ऐसे बच्चों में काफी सुधार संभव है।

